अजमेर.Engineering College News: इंजीनियरिंग कॉलेज बड़ल्या को राजस्थान इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (RIT) में अपग्रेड करने की घोषणा के बाद अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। पिछले बजट में इस योजना की घोषणा के बावजूद, सात महीने से वित्त-तकनीकी शिक्षा विभाग ने अब तक अधिसूचना जारी नहीं की है। इंस्टीट्यूट बनने के बाद ही यहां नए प्रयोगशालाएं, हॉस्टल और अन्य आवश्यक भवनों का निर्माण किया जा सकेगा। कॉलेज को नेशनल बोर्ड ऑफ एक्रिडेशन (NBA) से इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्यूनिकेशन, कंप्यूटर इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग और इलेक्ट्रॉनिक इंस्ट्रूमेंट्स एंड कंट्रोल इंजीनियरिंग जैसी प्रमुख ब्रांचों में ग्रेडिंग प्राप्त हुई है। सरकार ने 2024-25 के बजट में राजस्थान इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के रूप में इसे एक नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी जैसा बनाने का प्रस्ताव रखा है।
अधिसूचना का इंतजार जारी
वित्त विभाग के स्तर पर पिछले सात महीने से इस संस्थान के गठन को लेकर बैठकों का दौर जारी है। नियमों, उपनियमों और बजट की तैयारियों के बावजूद अब तक अधिसूचना जारी नहीं हो पाई है। इस विषय पर 19 फरवरी को आने वाले दूसरे बजट के बाद भी कोई स्पष्ट निर्णय नहीं हुआ है।
कैसा होगा नया संस्थान?
- विदेशों में पहचान: राजस्थान इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलेगी।
- नए कोर्स और शोध प्रोजेक्ट्स: नए और उभरते तकनीकी कोर्स शुरू होंगे, साथ ही शोध और प्रोजेक्ट्स को बढ़ावा मिलेगा।
- नए हॉस्टल और क्लासरूम: छात्र-छात्राओं के लिए नए हॉस्टल, हाईटेक रिसर्च लैब और स्मार्ट क्लासरूम बनेंगे।
- राज्य स्तरीय डेटा सेंटर: एक अत्याधुनिक कंप्यूटरीकृत डाटा सेंटर स्थापित किया जाएगा।
- आईआईटी और समकक्ष संस्थानों के साथ एमओयू: आईआईटी और अन्य प्रमुख संस्थानों से समझौते होंगे, जिससे छात्रों को बेहतर अवसर मिलेंगे।
- कंसलटेंसी का विस्तार: तकनीकी क्षेत्रों में कंसलटेंसी बढ़ेगी।
नए कोर्स (UG-PG लेवल)
- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस
- ओवर द टॉप (OTT)
- इंटरनेट ऑफ थिंग्स-रिन्यूबल एनर्जी
- ग्रीन एनर्जी
- स्मार्ट इंजीनियरिंग
- स्मार्ट टेक्निक्स
- क्लाउड कंप्यूटिंग
- डिजिटल टेक्निक्स
- इलेक्ट्रिकल व्हीकल्स
- ई-कंजर्वेशन
फैक्ट फाइल
- कॉलेज की स्थापना 1997 में हुई थी।
- 08 UG ब्रांच और 08 PG कोर्स संचालित।
- 3000 विद्यार्थी अध्ययनरत।
- 2017 से बीटीयू से सम्बद्ध।
इनका कहना है
“राजस्थान इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी की अधिसूचना फरवरी-मार्च तक जारी होने की उम्मीद है। इसमें निदेशक सहित अन्य पदों का सृजन, बजट और अन्य पर सैद्धांतिक सहमति बन चुकी है। उच्च स्तरीय मंजूरी के बाद आदेश जारी किए जाएंगे।”
डॉ. एच.एस. मेवाड़ा, संयुक्त सचिव, तकनीकी शिक्षा विभाग
