
जयपुर. Rajasthan News: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य सरकार के अन्त्योदय के संकल्प को साकार करने में सहकारिता विभाग की अहम भूमिका को उजागर करते हुए कहा कि सहकारिता से समाज के कमजोर वर्ग को सशक्त बनाने की दिशा में सरकार निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने इस बात को भी रेखांकित किया कि ग्राम पंचायत स्तर पर ग्राम सेवा सहकारी समितियों की स्थापना के माध्यम से राज्य सरकार गांवों को समृद्ध और खुशहाल बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री शर्मा मंगलवार को मुख्यमंत्री निवास पर सहकारिता विभाग की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि प्रदेश के किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने 2024-25 बजट के तहत 23 हजार करोड़ रुपये से अधिक का ब्याज मुक्त अल्पकालिक फसली ऋण वितरित किया, जिससे 35 लाख से ज्यादा किसानों को लाभ हुआ। इसके साथ ही आगामी 2025-26 के बजट में 25 हजार करोड़ रुपये के ऋण वितरण की घोषणा की गई है।
समयबद्ध क्रियान्वयन पर जोर
शर्मा ने सहकारिता विभाग से संबंधित बजट घोषणाओं के प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन की समीक्षा की और अधिकारियों को इस दिशा में ठोस कदम उठाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सहकारी संस्थाओं की भण्डारण क्षमता को बढ़ाने के लिए 150 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में गोदामों का निर्माण किया जा रहा है, जिनमें कृषि उत्पादों का भण्डारण योजनाबद्ध तरीके से सुनिश्चित होगा। इसके अलावा, राज्य के 1 लाख गोपालक परिवारों को गोपाल क्रेडिट कार्ड के माध्यम से 1 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा, जो बजट 2025-26 में बढ़ाकर 2 लाख 50 हजार परिवारों तक पहुंचाया जाएगा। साथ ही, पीएम किसान सम्मान निधि की राशि को बढ़ाकर 9 हजार रुपये प्रतिवर्ष किया जाएगा।
कृषि क्षेत्र में बड़ी खरीदारी और योजनाओं की जानकारी
मुख्यमंत्री ने खरीफ सीजन 2024 के दौरान दलहन और तिलहन की 4 हजार 700 करोड़ रुपये से अधिक की खरीद की जानकारी दी, जिसमें मूंगफली की रिकॉर्ड 4 लाख 38 हजार 800 मेट्रिक टन की खरीद शामिल है। रबी सीजन 2025-26 के लिए सरसों और चने की खरीद के रजिस्ट्रेशन भी प्रारंभ हो चुके हैं। उन्होंने अधिकारियों से अपील की कि किसानों को सरकारी योजनाओं की जानकारी पर्याप्त प्रचार-प्रसार के माध्यम से दी जाए, ताकि वे सहकारी बैंकों से कम ब्याज पर ऋण प्राप्त कर सकें।
सहकारिता के माध्यम से समृद्धि की परिकल्पना को साकार करना
इस बैठक में सहकारिता विभाग की प्रमुख शासन सचिव मंजू राजपाल ने विभाग की योजनाओं और उपलब्धियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि केन्द्र सरकार की सहकार से समृद्धि की परिकल्पना को राजस्थान देश के अग्रणी राज्यों में से एक राज्य के रूप में साकार कर रहा है। इसके तहत पेक्स कम्प्यूटराइजेशन, बहुद्देशीय ग्राम सेवा सहकारी समितियों की स्थापना और अन्न भण्डारण हेतु गोदामों की स्थापना जैसी 54 पहलें शुरू की गई हैं।
बैठक में ये रहे मौजूद
बैठक में सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक, मुख्य सचिव सुधांश पंत, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त अखिल अरोड़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव (मुख्यमंत्री कार्यालय) शिखर अग्रवाल, प्रमुख सचिव (मुख्यमंत्री) आलोक गुप्ता, शासन सचिव पशुपालन समित शर्मा, प्रबंध निदेशक राजफेड टीकम चन्द बोहरा, प्रबंध निदेशक आरएसएलडीबी जितेन्द्र प्रसाद सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
