
Yogi government’s smart initiative: उत्तर प्रदेश सरकार ने राशन वितरण प्रणाली को और अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में राज्य में आधुनिक अन्नपूर्णा भवनों का निर्माण किया जा रहा है, जो न केवल खाद्यान्न वितरण को बेहतर बनाएंगे, बल्कि जनसेवा की कई अन्य सुविधाएं भी प्रदान करेंगे।
अन्नपूर्णा भवन: बहुउद्देश्यीय और स्थायी केंद्र
अन्नपूर्णा भवन राज्य सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसे विभिन्न उद्देश्य और सेवाओं के लिए डिजाइन किया गया है। अब तक 3,213 अन्नपूर्णा भवनों का निर्माण पूरा हो चुका है, और 1,630 भवनों का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। ये भवन न सिर्फ खाद्यान्न भंडारण के लिए कार्य करेंगे, बल्कि उचित दर की दुकानों को स्थिर बनाए रखने में भी मदद करेंगे, जिससे राशन वितरण में कोई रुकावट नहीं आएगी, भले ही कोटेदार बदल जाए।
अन्नपूर्णा भवन में उपलब्ध सुविधाएं
अन्नपूर्णा भवनों में कई सुविधाएं शामिल हैं, जैसे बड़ा हॉल, प्रतीक्षालय और जनसेवा केंद्र (CSC)। यहां राशन भंडारण के लिए एक विशेष कक्ष होगा, जबकि आम जनता के लिए दूसरे कक्ष में जन्म, मृत्यु, जाति और आय प्रमाणपत्र जैसी सेवाएं भी उपलब्ध होंगी। इसके अलावा, भवनों में जनरल स्टोर, सस्ती जेनरिक दवाएं, बिजली बिल भुगतान और ब्रॉडबैंड जैसी सुविधाएं भी मिलेंगी, जिससे लोगों की रोजमर्रा की जरूरतें पूरी होंगी।
ग्रामीण क्षेत्रों में आसान पहुंच
पिछले समय में उचित दर की दुकानें अक्सर तंग गलियों में स्थित होती थीं, जिससे राशन वितरण में ग्राहकों को कठिनाई होती थी। लेकिन अब इन नए भवनों के माध्यम से राशन वितरण के लिए पहुंच और सरल हो गई है। ग्राम पंचायतों में सरकारी भूमि पर इन भवनों का निर्माण किया जा रहा है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में भी सुविधाएं पहुंचाना संभव हो रहा है।
मनरेगा के तहत निर्माण और रोजगार अवसर
अन्नपूर्णा भवनों का निर्माण मनरेगा योजना के तहत किया जा रहा है, जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार मिलने के साथ-साथ निर्माण की गति भी तेज हुई है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में 2,800 से अधिक भवनों का निर्माण शुरू किया जा चुका है। इससे रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं और गांवों में स्थानीय लोगों को काम मिल रहा है।
पारदर्शिता और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
इन भवनों में सीसीटीवी कैमरे और इंटरनेट जैसी सुविधाओं का भी प्रावधान किया गया है। इससे खाद्यान्न वितरण प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित होगी और सुरक्षा की स्थिति भी मजबूत होगी। भूमि चयन के कार्य को तेज़ी से पूरा करने के लिए निर्देश दिए गए हैं, जिससे इन भवनों का निर्माण शीघ्रता से हो सके।
80 हजार भवनों का लक्ष्य
योगी सरकार का उद्देश्य है कि प्रदेश की 80 हजार उचित दर की दुकानों को अन्नपूर्णा भवनों में तब्दील किया जाए। इससे न केवल राशन वितरण प्रणाली में सुधार होगा, बल्कि लोगों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण सेवाएं भी प्राप्त होंगी। इस नई पहल से प्रदेश के ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के लाखों लोगों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
नया दिशा-निर्देश: खाद्यान्न वितरण को मिलेगा आधुनिक रूप
इस पहल ने खाद्यान्न वितरण को एक नई दिशा देने का काम किया है। अब राशन वितरण प्रणाली न केवल पारदर्शी होगी, बल्कि यह ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के लोगों के लिए सुविधाजनक और आसान भी बन जाएगी।
